Ranchi। क्रिसमस के पावन अवसर पर राजधानी रांची में सामाजिक सौहार्द और आपसी भाईचारे का सुंदर उदाहरण देखने को मिला। खिजरी विधानसभा क्षेत्र के विधायक राजेश कच्छप ने आज रांची स्थित बिशप हाउस, रांची पहुंचकर महामहिम आर्च बिशप विंसेंट आइंद से शिष्टाचार भेंट की और उन्हें क्रिसमस की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।
इस दौरान विधायक राजेश कच्छप ने पुष्पगुच्छ भेंट कर आर्च बिशप को बधाई दी और समाज में शांति, प्रेम एवं भाईचारे का संदेश दिया। मुलाकात सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुई, जहां धार्मिक और सामाजिक विषयों पर सकारात्मक चर्चा हुई।
विधायक ने कहा कि प्रभु ईसा मसीह का जीवन संपूर्ण मानवता के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उनका जीवन प्रेम, करुणा और क्षमा के मूल्यों पर आधारित रहा है, जिन्हें अपनाकर ही समाज में स्थायी शांति और विकास संभव है।
राजेश कच्छप ने यह भी कहा कि भारत विविधताओं का देश है, जहां सभी धर्मों और समुदायों के लोग मिल-जुलकर रहते हैं। ऐसे अवसर समाज को और करीब लाने का काम करते हैं और आपसी समझ को मजबूत करते हैं।
क्रिसमस पर शांति और मानवता का संदेश
क्रिसमस जैसे पर्व केवल धार्मिक उत्सव नहीं हैं, बल्कि यह मानवता, प्रेम और सेवा का प्रतीक भी हैं। विधायक ने आर्च बिशप के साथ क्षेत्र की खुशहाली, सामाजिक सद्भाव और आपसी सहयोग को लेकर भी विचार-विमर्श किया।
उन्होंने कहा कि खिजरी सहित पूरे झारखंड में सभी समुदायों के बीच आपसी सौहार्द बना रहे, यही उनकी प्राथमिकता है। जनप्रतिनिधि के रूप में वे समाज को जोड़ने और सकारात्मक संवाद को आगे बढ़ाने के लिए निरंतर प्रयासरत रहेंगे।
आर्च बिशप विंसेंट आइंद ने विधायक राजेश कच्छप का आभार व्यक्त किया। उन्होंने इस शिष्टाचार भेंट को समाज के लिए शुभ संकेत बताया और विधायक को आशीर्वाद प्रदान किया।
आर्च बिशप ने कहा कि प्रभु यीशु मसीह का संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है। प्रेम, सेवा और त्याग के मार्ग पर चलकर ही समाज में शांति स्थापित की जा सकती है। उन्होंने समस्त मानवता के कल्याण और देश में अमन-चैन की कामना की।
इस अवसर पर विधायक के साथ कई गणमान्य व्यक्ति, सामाजिक प्रतिनिधि और कार्यकर्ता भी उपस्थित रहे। सभी ने एक-दूसरे को क्रिसमस की शुभकामनाएं दीं और आपसी सौहार्द के साथ पर्व मनाया।
स्थानीय लोगों ने भी इस मुलाकात को सकारात्मक पहल बताया। उनका कहना है कि जब जनप्रतिनिधि सभी धर्मों और समुदायों के पर्वों में सहभागिता करते हैं, तो समाज में विश्वास और भाईचारा और मजबूत होता है।
कुल मिलाकर, क्रिसमस के अवसर पर हुई यह मुलाकात केवल औपचारिक भेंट नहीं रही, बल्कि यह सामाजिक एकता, शांति और आपसी सम्मान का सशक्त संदेश बनकर सामने आई।











