Advertisement
Jharkhand News

Jharkhand Budget: किसानों की असफल योजनाओं पर चलेगी कैंची

कृषि विभाग ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के बजट पर शुरू की चर्चा

Jharkhand Budget 2025-26: कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता विभाग ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के बजट की तैयारियां शुरू कर दी हैं। नेपाल हाउस में आयोजित विभागीय परिचर्चा के दौरान मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने किसानों के हित में सफल योजनाओं को बढ़ावा देने और असफल योजनाओं को समाप्त करने का निर्देश दिया।

Advertisement

किसानों के लिए बजट का होगा बेहतर उपयोग

मंत्री ने बजट परिचर्चा के दौरान अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि योजनाओं के लिए आवंटित राशि का शत प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित हो। उन्होंने कहा कि बजट का दुरुपयोग किसी भी हाल में नहीं होना चाहिए। फील्ड कर्मचारियों और अधिकारियों को योजनाओं की सफलता के लिए गंभीरता से काम करने का निर्देश दिया गया।

मंत्री ने यह भी कहा कि किसानों को विभागीय योजनाओं का अधिकतम लाभ मिलना चाहिए। विभागीय परिचर्चा में यह निर्णय लिया गया कि आगामी वित्तीय वर्ष में बीज की उपलब्धता और वितरण को प्राथमिकता दी जाएगी।

लापुंग में बीज वितरण घोटाले की होगी जांच

लापुंग क्षेत्र में बीज वितरण में हुई गड़बड़ी को लेकर जांच शुरू की जाएगी। समीक्षा बैठक में किसानों ने बीज न मिलने की शिकायत की, जिससे विभागीय दावों और जमीनी हकीकत में बड़ा अंतर सामने आया। मंत्री ने इस मामले में सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।

10 बीज ग्राम की होगी स्थापना

विभाग ने 10 बीज ग्राम स्थापित करने का निर्णय लिया है, जिससे किसानों को उन्नत किस्म के बीज आसानी से उपलब्ध हो सकें। बीज वितरण और उसकी गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए विभाग ने विशेष रणनीति तैयार की है।

योजनाओं की सफलता के आधार पर होगा बजट निर्धारण

विभाग ने बजट निर्धारण प्रक्रिया में योजनाओं की सफलता और लाभुकों की संख्या को प्रमुखता देने की योजना बनाई है। ऐसी योजनाएं, जो किसानों के लिए फायदेमंद साबित नहीं हुईं, उन्हें समाप्त करने या उनके बजट में कटौती करने का निर्णय लिया गया है।

वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए किसानों को लाभकारी योजनाओं पर फोकस करते हुए यह प्रयास किया जा रहा है कि किसानों की समस्याओं का समाधान प्रभावी तरीके से हो। विभागीय कर्मचारियों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है कि सभी योजनाएं धरातल पर उतारी जाएं और किसानों को इसका पूरा लाभ मिले।

Related Stories & Ads

Subhash Shekhar

सुभाष शेखर पिछले दो दशकों से अधिक समय से पत्रकारिता जगत में सक्रिय हैं। साल 2003 में बुंडू (झारखंड) की जमीनी समस्याओं को आवाज देने से शुरू हुआ उनका सफर आज 'Local Khabar' के माध्यम से डिजिटल पत्रकारिता के नए आयाम स्थापित कर रहा है। प्रभात खबर, ताजा टीवी, नक्षत्र न्यूज और राष्ट्रीय खबर जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में संपादकीय और ग्राउंड रिपोर्टिंग का अनुभव रखने वाले सुभाष, आज के दौर के उन गिने-चुने पत्रकारों में से हैं जो खबर की बारीकियों के साथ-साथ वेब डिजाइनिंग और SEO जैसी तकनीकी विधाओं में भी महारत रखते हैं। वे वर्तमान में Local Khabar के संस्थापक और संपादक के रूप में झारखंड की जनपक्षीय खबरों का नेतृत्व कर रहे हैं।

Join WhatsApp

Join Now

Leave a Comment