Ranchi : झारखंड में मानसून एक बार फिर पूरी रफ्तार पकड़ने के लिए तैयार है। मौसम केंद्र रांची ने राज्यभर के लिए मौसम का ताजा बुलेटिन और चेतावनी जारी कर दी है।
अगले 5 दिनों के दौरान राज्य के अधिकांश जिलों में गर्जन, वज्रपात और 30 से 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने का येलो अलर्ट जारी किया गया है।
यदि आप रांची, खूंटी, गुमला या पश्चिमी सिंहभूम क्षेत्र में रहते हैं, तो अगले कुछ दिन आपके लिए बेहद सतर्क रहने वाले हैं। मौसम विभाग के मुताबिक, राज्य के दक्षिणी और पश्चिमी हिस्सों में भारी बारिश की आशंका जताई गई है।
जानिए अगले 5 दिनों तक कैसा रहेगा आपके जिले का हाल
मौसम विज्ञान केंद्र रांची द्वारा जारी किए गए ताजा सैटेलाइट और चेतावनी मैप के अनुसार, पूरे राज्य को अलर्ट पर रखा गया है:
1. गर्जन और वज्रपात (Thunderstorm & Lightning) का अलर्ट
21 जुलाई से 26 जुलाई 2026 तक पूरे राज्य (सभी 24 जिलों) में मेघगर्जन के साथ वज्रपात और 30-40 किमी/घंटे की गति से झोंके वाली हवाएं (Gusty Winds) चलने की संभावना है।
2. भारी बारिश (Heavy Rain) की चेतावनी
- पहला चरण (21 से 22 जुलाई): रांची, खूंटी, गुमला, लोहरदगा, सिमडेगा, सरायकेला-खरसावां, पूर्वी सिंहभूम और पश्चिमी सिंहभूम जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश (64.5 से 115.5 मिमी) होने का येलो अलर्ट है।
- दूसरा चरण (24 से 25 जुलाई): गढ़वा, पलामू, लातेहार, लोहरदगा, गुमला, सिमडेगा, रांची, खूंटी, पश्चिमी सिंहभूम, पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां में एक बार फिर भारी बारिश का असर देखा जाएगा।
ज़मीनी आंकड़े: कहां कितनी हुई बारिश और कैसा रहा तापमान?
मौसम विभाग की दैनिक रिपोर्ट के अनुसार, राज्य में पिछले 24 घंटों में सबसे अधिक बारिश बोकारो-थर्मल (24.4 मिमी) और लातेहार (23.5 मिमी) में दर्ज की गई है। इसके अलावा खूंटी में 22.5 मिमी और कोडरमा में 16.5 मिमी बारिश हुई है।
| स्टेशन / जिला | अधिकतम तापमान (°C) | 24 घंटे में बदलाव | दर्ज वर्षा (mm में) |
| रांची | 27.6 | -2.2 | 06.6 |
| जमशेदपुर | 31.1 | -2.3 | Trace |
| डाल्टनगंज | 31.5 | +1.3 | 10.8 |
| बोकारो | 30.1 | -1.0 | 24.4 |
| सरायकेला (Highest Max) | 32.1 | -0.8 | 00.0 |
ग्राउंड रिपोर्टर नोट: रांची और आसपास के इलाकों में दोपहर बाद से ही काले बादलों का डेरा जमना शुरू हो गया है। ठंडी हवाओं के चलने से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है, जिससे लोगों को उमस भरी गर्मी से राहत तो मिली है, लेकिन निचले इलाकों में जलजमाव और वज्रपात की आशंका ने चिंता बढ़ा दी है।
सिस्टम की तैयारी और आम जनता के लिए ‘What Next’
खराब मौसम और वज्रपात की आशंका को देखते हुए आपदा प्रबंधन विभाग और स्थानीय प्रशासन ने सतर्कता बरतने की सलाह दी है।
- किसानों और ग्रामीणों के लिए सलाह: बारिश और बिजली चमकने के दौरान खुले खेतों, ऊंचे पेड़ों या बिजली के खंभों के नीचे शरण न लें।
- शहरी क्षेत्रों में यातायात: रांची और जमशेदपुर जैसे बड़े शहरों में भारी बारिश के दौरान ट्रैफिक जाम और जलजमाव की स्थिति बन सकती है, इसलिए अनावश्यक यात्रा से बचें।
प्रशासन स्थिति पर नजर बनाए हुए है और आपदा प्रबंधन टीमों को अलर्ट मोड पर रखा गया है।











