Sukriti Veni Bandreddi National Award: मशहूर डायरेक्टर सुकुमार की बेटी सुकृति वेणी बंदरेड्डी ने कम उम्र में ही अपनी प्रतिभा का ऐसा लोहा मनवाया है, जिसकी चर्चा पूरे देश में हो रही है। मात्र 15 साल की उम्र में उन्होंने फिल्म ‘गांधी तथा चेट्टू’ से डेब्यू किया और सीधा नेशनल अवॉर्ड फॉर बेस्ट चाइल्ड आर्टिस्ट अपने नाम कर लिया।
नैचुरल एक्टिंग ने सबका दिल जीता
सुकृति की एक्टिंग इतनी प्रभावशाली रही कि दर्शकों को यह अभिनय न लगकर वास्तविक जीवन का अनुभव लगा। उनके चेहरे के एक्सप्रेशन, मासूम अंदाज़ और कम उम्र में दिखाई गई गंभीरता ने दर्शकों को हैरान कर दिया। सोशल मीडिया पर भी लोग लगातार उनकी परफॉर्मेंस की तारीफ कर रहे हैं। कई लोगों का कहना है कि इतनी नैचुरल एक्टिंग उन्होंने लंबे समय बाद देखी है।
मुख्यमंत्री ने किया सम्मानित
इस उपलब्धि पर तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने सुकृति को सम्मानित किया। हैदराबाद के जुबली हिल्स स्थित उनके निवास पर आयोजित समारोह में सुकुमार, उनकी पत्नी, फिल्म प्रोड्यूसर यलमंचिली रविशंकर और कई खास मेहमान मौजूद थे। सीएम ने सुकृति को शुभकामनाएं दीं और उनके भविष्य के लिए हौसला बढ़ाने वाले शब्द कहे।
इस मौके की तस्वीरें और वीडियो माइथ्री मूवी मेकर्स और तेलंगाना सरकार के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल्स पर साझा किए गए। फैंस इन पलों को देखकर बेहद उत्साहित नजर आए।
फिल्म की कहानी और टीम
फिल्म ‘गांधी तथा चेट्टू’ को पद्मावती मल्लाडी ने डायरेक्ट किया है। इस तेलुगु सोशल ड्रामा में एक 13 साल की बच्ची की कहानी दिखाई गई है, जो गांधीजी के सिद्धांतों का सहारा लेकर अपने गांव के पेड़ की रक्षा करती है। फिल्म का निर्माण नवीन यर्नेनी, रवि शंकर और सेशा सिंधु राव ने किया है, जबकि इसे माइथ्री मूवी मेकर्स, सुकुमार राइटिंग्स और गोपी टॉकीज के बैनर तले बनाया गया।
फिल्म 24 जनवरी 2025 को रिलीज हुई और रिलीज के तुरंत बाद ही दर्शकों और समीक्षकों से शानदार प्रतिक्रिया मिली। खासकर सुकृति की परफॉर्मेंस ने फिल्म को एक नया आयाम दिया।
परिवार और टीम की खुशी
इस सफलता से सुकुमार और उनका परिवार बेहद खुश है। समारोह में सुकुमार की खुशी साफ झलक रही थी। उन्होंने कहा कि बेटी की उपलब्धि न केवल परिवार बल्कि पूरी फिल्म इंडस्ट्री के लिए गर्व की बात है।
माइथ्री मूवी मेकर्स ने सोशल मीडिया पर लिखा, “माननीय मुख्यमंत्री श्री रेवंत रेड्डी गरु ने सुकृति वेणी बंदरेड्डी को ‘गांधी तथा चेट्टू’ के लिए नेशनल अवॉर्ड जीतने पर सम्मानित किया। यह हमारी टीम के लिए भी गर्व का क्षण है।”
सुकृति की इस उपलब्धि ने यह साबित कर दिया कि टैलेंट उम्र का मोहताज नहीं होता। कम उम्र में ही इतनी बड़ी पहचान हासिल करना न केवल उनके करियर की मजबूत शुरुआत है, बल्कि आने वाले समय में उनके सुनहरे भविष्य का संकेत भी।










