राँची, झारखण्ड: जिले में अवैध गैस रिफिलिंग और कालाबाजारी के खिलाफ राँची जिला प्रशासन ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई की है। जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त श्री मंजूनाथ भजन्त्री के सख्त रुख के बाद, ओरमांझी के ईरवा स्थित प्रसिद्ध ‘दिल्ली दरबार बिरयानी’ दुकान और एक रिफिलिंग सेंटर पर छापेमारी कर बड़े सिंडिकेट का खुलासा किया गया है।
Quick Summary: छापेमारी की मुख्य बातें
| विवरण | जानकारी |
| प्रमुख स्थान | ईरवा, ओरमांझी (दिल्ली दरबार बिरयानी दुकान) |
| बरामदगी | 10 व्यवसायिक सिलेंडर, नोजल और इलेक्ट्रॉनिक तराजू |
| मुख्य धाराएं | आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955, सप्लाई ऑर्डर 2000 |
| प्रशासनिक नेतृत्व | प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO), ओरमांझी |
गुप्त सूचना पर ‘सर्जिकल स्ट्राइक’: कैसे बिछाया गया जाल?
प्रशासन को पिछले कुछ समय से ओरमांझी क्षेत्र में अवैध गैस रिफिलिंग की गुप्त सूचनाएं मिल रही थीं। 04 अप्रैल 2026 को पुख्ता जानकारी मिलते ही उपायुक्त के निर्देश पर एक विशेष जिला स्तरीय टीम का गठन किया गया। टीम ने सबसे पहले ईरवा स्थित ‘दिल्ली दरबार बिरयानी’ दुकान की घेराबंदी की।
जांच के दौरान दुकान से 09 व्यवसायिक सिलेंडर बरामद किए गए। चौंकाने वाली बात यह है कि इनमें से 6 सिलेंडर पूरी तरह सील थे, जबकि 3 का इस्तेमाल अवैध रिफिलिंग के जरिए किया जा रहा था।
बिचौलिए का ‘वैगनआर’ कनेक्शन
पूछताछ में दुकान संचालक ने कबूल किया कि ये सिलेंडर एक बिचौलिए द्वारा वैगनआर कार से सप्लाई किए जाते थे। यह गिरोह न केवल अवैध रूप से गैस की रिफिलिंग करता था, बल्कि मुनाफाखोरी के लिए ऊंचे दामों पर बेचता था।
आरोपी के घर पर दबिश: नोजल और तराजू बरामद
गिरफ्तार व्यक्ति की निशानदेही पर पुलिस और प्रशासनिक टीम ने आरोपी के पैतृक घर (ग्राम थाना ओरमांझी) में छापेमारी की। हालांकि आरोपी मौके से फरार होने में सफल रहा, लेकिन घर के अंदर चल रहे अवैध खेल के पुख्ता सबूत मिले:
- 01 HP GAS सिलेंडर (जिसमें 10 किलो गैस भरी थी)।
- अवैध रिफिलिंग नोजल (जिसका उपयोग घरेलू सिलेंडर से व्यवसायिक सिलेंडर में गैस ट्रांसफर के लिए होता था)।
- इलेक्ट्रॉनिक तराजू (सटीक नाप-तौल कर ग्राहकों को ठगने के लिए)।
विशेषज्ञ की राय: “अवैध रिफिलिंग न केवल एक आर्थिक अपराध है, बल्कि यह सार्वजनिक सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा है। बिना सुरक्षा मानकों के नोजल से गैस ट्रांसफर करना किसी बड़े ब्लास्ट का कारण बन सकता है।”
इन धाराओं के तहत दर्ज हुआ मामला
प्रशासन ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। इन पर निम्नलिखित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है:
- रेगुलेशन ऑफ सप्लाई एंड डिस्ट्रीब्यूशन ऑर्डर-2000
- आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 (Essential Commodities Act)
- अन्य सुसंगत संज्ञेय अपराध की धाराएं।
आम जनता के लिए जिला प्रशासन की अपील
राँची जिला प्रशासन ने स्पष्ट संदेश दिया है कि कालाबाजारी और अवैध भंडारण को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उपायुक्त ने नागरिकों से अपील की है कि यदि उनके आसपास ऐसी कोई संदिग्ध गतिविधि दिखे, तो तुरंत स्थानीय थाना या जिला नियंत्रण कक्ष को सूचित करें।











