Ranchi | झारखंड की राजधानी रांची का बिरसा मुंडा एयरपोर्ट कामयाबी की नई उड़ान भर रहा है। वित्तीय वर्ष 2025-26 के ताजा आंकड़ों ने सबको चौंका दिया है। इस दौरान एयरपोर्ट ने न सिर्फ रिकॉर्ड मुनाफा कमाया है, बल्कि यहां आने वाले यात्रियों की संख्या में भी भारी उछाल दर्ज किया गया है।
एयरपोर्ट के डायरेक्टर विनोद कुमार ने शनिवार (13 जून) को इस ऐतिहासिक सफलता की घोषणा की। उन्होंने बताया कि इस वित्तीय वर्ष में रांची एयरपोर्ट का नेट प्रॉफिट ₹87.56 करोड़ तक पहुंच गया है। यह आंकड़ा यह साफ दर्शाता है कि झारखंड में आर्थिक गतिविधियां और हवाई कनेक्टिविटी कितनी तेजी से आगे बढ़ रही हैं।
ग्राउंड लेवल पर देखें तो यह केवल एक सरकारी विभाग की वित्तीय रिपोर्ट नहीं है, बल्कि झारखंड के बदलते आर्थिक परिदृश्य की लाइव गवाही है। एक दशक पहले तक जिस एयरपोर्ट पर सन्नाटा पसरा रहता था, वह आज राज्य के विकास का सबसे बड़ा हब बनकर उभरा है।
कमाई में 87 करोड़ पार: लगातार तीसरे साल बंपर ग्रोथ
रांची का बिरसा मुंडा एयरपोर्ट अब घाटे या सीमित दायरे से बाहर निकलकर देश के सबसे मुनाफे वाले टियर-2 एयरपोर्ट्स की कतार में खड़ा हो गया है। डायरेक्टर विनोद कुमार द्वारा साझा किए गए वित्तीय आंकड़े इसकी लगातार मजबूत होती स्थिति को बयां करते हैं:
- वित्त वर्ष 2023-24: ₹49.21 करोड़ का शुद्ध लाभ।
- वित्त वर्ष 2024-25: मुनाफा बढ़कर हुआ ₹64.60 करोड़।
- वित्त वर्ष 2025-26: रिकॉर्ड तोड़ ₹87.56 करोड़ का नेट प्रॉफिट।
- नया एटीसी (ATC) टावर: एयर ट्रैफिक कंट्रोल को बेहतर और सुरक्षित बनाने के लिए नया टावर चालू किया गया।
- DVOR और ILS सिस्टम: खराब मौसम या कोहरे के दौरान भी विमानों की सुरक्षित लैंडिंग के लिए आधुनिक प्रणालियां इंस्टॉल की गईं।
- एप्रन और बोर्डिंग ब्रिज: विमानों की पार्किंग के लिए एप्रन का विस्तार हुआ और यात्रियों के लिए नए पैसेंजर बोर्डिंग ब्रिज बनाए गए।
- सिक्योरिटी एरिया का आधुनिकीकरण: सुरक्षा जांच के दायरे को बढ़ाया गया है ताकि पीक ऑवर्स में यात्रियों को लंबी लाइनों में न लगना पड़े।
15 जून को ‘यात्री सुविधा दिवस’: संस्कृति और सेवा का अनूठा संगम
मैनेजमेंट इस कामयाबी का जश्न सीधे जनता और यात्रियों के साथ मनाने जा रहा है। आगामी 15 जून को बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पर ‘यात्री सुविधा दिवस’ का आयोजन किया जाएगा। ग्राउंड रिपोर्ट के मुताबिक, इसकी तैयारियां जोरों पर हैं और इसे एक उत्सव का रूप दिया जा रहा है।
इस मौके पर पर्यावरण संरक्षण के लिए वृक्षारोपण और पौधों का वितरण किया जाएगा। साथ ही, झारखंड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित करने के लिए स्थानीय लोक नृत्य, कला और हस्तशिल्प (हैंडीक्राफ्ट) की प्रदर्शनियां लगाई जाएंगी। बच्चों के लिए पेंटिंग और क्विज कॉम्पिटिशन भी होंगे।

प्रशासन ने सामाजिक सरोकार निभाते हुए इस दिन ब्लड डोनेशन कैंप और यात्रियों के लिए मुफ्त स्वास्थ्य जांच शिविर लगाने का फैसला किया है। सबसे खास बात यह है कि एयरपोर्ट को अपनी सेवाएं देने वाले टैक्सी और ऑटो ड्राइवरों के लिए मुफ्त आई चेक-अप (आंखों की जांच) कैंप भी आयोजित किया जाएगा।
अगला कदम (What Next)
रांची एयरपोर्ट की यह ऐतिहासिक छलांग यह साबित करती है कि आने वाले दिनों में यहां से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों (International Flights) और कार्गो हब की मांग और तेज होगी। अब गेंद नागरिक उड्डयन मंत्रालय और राज्य सरकार के पाले में है कि वे रनवे के और विस्तार और नई उड़ानों को जोड़ने के लिए कितनी जल्दी कदम उठाते हैं। 15 जून का आयोजन यह साफ संदेश देता है कि एयरपोर्ट प्रशासन अब केवल बिजनेस नहीं, बल्कि पब्लिक सेंट्रिक अप्रोच के साथ आगे बढ़ रहा है।











