Ranchi | राजधानी रांची को अतिक्रमण मुक्त, सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने की दिशा में जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। 23 दिसंबर 2025 को उपायुक्त-सह जिला दंडाधिकारी मंजूनाथ भजन्त्री की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित हुई, जिसमें पूर्व निर्देशों की प्रगति की बिंदुवार समीक्षा की गई।
यह बैठक रांची शहर में आवागमन, अतिक्रमण हटाने, यातायात प्रबंधन, बिजली के अव्यवस्थित तारों और महिला सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर केंद्रित रही। उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि आम नागरिकों की सुविधा और सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
बैठक में सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ समयबद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए, ताकि शहर की सड़कों, फुटपाथों और सार्वजनिक स्थलों पर सुगम आवागमन बहाल हो सके।
अतिक्रमण हटाने पर प्रशासन की सख्ती
उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई को निरंतर और प्रभावी बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़क, फुटपाथ और सार्वजनिक स्थलों पर अतिक्रमण से आम लोगों को परेशानी होती है।
उन्होंने निर्देश दिया कि:
- अतिक्रमण हटाने से पहले नोटिस अनिवार्य रूप से दिया जाए
- अंचल अधिकारी और नगर निगम संयुक्त रूप से अभियान चलाएं
- कार्रवाई पारदर्शी और नियमों के अनुरूप हो
यातायात व्यवस्था और टोटो संचालन की समीक्षा
यातायात व्यवस्था को लेकर पुलिस अधीक्षक (यातायात) और जिला परिवहन पदाधिकारी द्वारा की गई कार्रवाई की समीक्षा की गई। विशेष रूप से टोटो परिचालन पर जोर दिया गया।
उपायुक्त ने निर्देश दिया कि:
- टोटो चालकों के लिए यूनिफॉर्म अनिवार्य हो
- मार्ग निर्धारण और अनुशासन का सख्ती से पालन कराया जाए
- वाहन के पीछे चालक का नाम और मोबाइल नंबर स्पष्ट रूप से लिखा हो
इससे यातायात व्यवस्था सुचारु होने के साथ-साथ यात्रियों की सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी।
बिजली के खंभों पर लटके तारों पर बड़ा फैसला
बैठक में शहर में बिजली के खंभों पर लटके अव्यवस्थित तारों की समस्या पर भी चर्चा हुई। उपायुक्त ने इसे दुर्घटनाओं का बड़ा कारण बताते हुए टेलीकॉम कंपनियों के साथ समन्वय मजबूत करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि:
- निर्धारित समय-सीमा में तारों को हटाया जाए
- शहर की सौंदर्यात्मक छवि को ध्यान में रखकर काम हो
- लापरवाही पर संबंधित एजेंसियों की जवाबदेही तय की जाए
महिला सुरक्षा पर विशेष फोकस
महिला सुरक्षा को लेकर उपायुक्त ने स्पष्ट कहा कि भीड़-भाड़ वाले इलाकों, बाजारों, शिक्षण संस्थानों और रात्रिकालीन समय में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जाए।
निर्देशों में शामिल हैं:
- नियमित पुलिस पेट्रोलिंग
- संवेदनशील स्थानों की पहचान
- निगरानी व्यवस्था को और प्रभावी बनाना
प्रशासन का मानना है कि सुरक्षित शहर ही नागरिकों के भरोसे की नींव होता है।
बैठक में कौन-कौन अधिकारी रहे मौजूद
इस उच्चस्तरीय बैठक में कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से:
- सुशांत गौरव (आयुक्त, रांची नगर निगम)
- राकेश सिंह (पुलिस अधीक्षक, यातायात)
- राजेश्वरनाथ आलोक
- उत्कर्ष कुमार
- उर्वशी पांडेय सहित बिजली विभाग, भवन निर्माण और एनएचएआई के अधिकारी शामिल थे।
जिला प्रशासन ने संकेत दिया है कि आने वाले दिनों में:
- अतिक्रमण हटाओ अभियान तेज होगा
- यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी
- महिला सुरक्षा से जुड़े उपायों की नियमित मॉनिटरिंग की जाएगी
रांची को सुंदर, सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने की दिशा में जिला प्रशासन की यह पहल निर्णायक मानी जा रही है। उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री के स्पष्ट निर्देशों से यह संकेत मिला है कि शहर में अव्यवस्था को अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।









