लॉकडाउन में तेजस्‍वी यादव और राबड़ी देवी के काफिले को पुलिस ने रोकी, कार्यकर्ताओं ने तोड़ा सोशल डिस्‍टेंसिंग

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Patna: पटना में पुलिस ने तेजस्‍वी यादव और राबड़ी देवी के काफिले को पुलिस ने रोक दिया है. कोरोना संक्रमण और लॉकडाउन की वजह से दोनों नेताओं के काफीले को रोका गया है.

दरअसल, तेजस्वी लॉकडाउन का उल्लंघन करके गोपालगंज जा रहे थे. पुलिस ने तेजस्वी को उनके विधायकों और समर्थकों के साथ रोक दिया है. हालांकि, इस दौरान तेजस्वी और पुलिस के बीच बहस भी हुई है.

इस बीच तेजस्वी यादव के घर के बाहर कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं. कल तेजस्वी ने लॉकडाउन के बीच ट्रिपल मर्डर केस को लेकर गोपालगंज कूच करने का ऐलान किया था. उनको रोकने के लिए बड़ी तादाद में पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं. रैपिड एक्शन फोर्स को भी तैनात किया गया है. किसी भी सूरत में पुलिस उनको गोपालगंज जाने से रोक रही है.

तेजस्‍वी यादव ने मौके पर कहा कि अपराधियों को गिरफ्तार नहीं कर रहें,लेकिन हम न्याय के लिए पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे हैं तो हमें रोका जा रहा है. उन्‍होंने कहा कि गोपालगंज रेड ज़ोन में अपराधियों को छूट है लेकिन हमें ये लोग रोक रहे हैं. इससे साबित होता है कि सरकार में बैठे लोग अपराध की जननी है.

एक कार में तेजस्वी यादव, राजद के प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह बैठकर गोपालगंज जाने के लिए निकले. गेट से बाहर आते ही पुलिस अधिकारियों ने कार को घेर लिया. सचिवालय डीएसपी कार के सामने खड़े हो गए. पुलिस और प्रशासन के अधिकारी तेजस्वी को यात्रा न निकालने के लिए समझा रहे हैं. तेजस्वी गोपालगंज जाने की जिद पर अड़े हुए हैं. तेजस्वी ने कहा कि अपराधियों को छूट है और विधायकों को पीड़ित परिवार से मिलने से रोका जा रहा है. सरकार हमें रोक रही है.

तेजस्वी के साथ राबड़ी देवी, तेज प्रताप यादव और पार्टी के विधायक भी गोपालगंज जाने के लिए तैयार हैं. राबड़ी आवास के बाहर सैकड़ों की संख्या में लोग जुटे हैं. पुलिस और राजद विधायकों के बीच रस्साकशी हुई. विधायकों ने बैरिकेडिंग गिरा दिया. इसके बाद गाड़ियों का काफिला धीरे-धीरे आगे बढ़ा. हालांकि जल्द ही कारों को पुलिस ने रोक दिया.

प्रशासन ने नहीं दी है इजाजत

तेजस्वी यादव ने गोपालगंज हत्याकांड में जदयू विधायक की गिरफ्तारी न होने पर गोपालगंज जाने की बात कही थी. तेजस्वी ने पुलिस को दो दिन का अल्टिमेटम दिया था. कोरोना संक्रमण और लॉकडाउन के चलते प्रशासन ने तेजस्वी को गोपालगंज जाने की इजाजत नहीं दी थी.

क्या है मामला?

24 मई को गोपालगंज जिले के हथुआ थाना क्षेत्र के रूपनचक गांव में जेपी यादव, उनके पिता महेश चौधरी, मां संकेसिया देवी और भाई शांतनु यादव पर बाइक सवार चार अपराधियों ने फायरिंग की थी. महेश और उनकी पत्नी संकेसिया देवी की मौके पर ही मौत हो गई थी. जेपी यादव और शांतनु गंभीर रूप से घायल थे. गोरखपुर में इलाज के दौरान शांतनु की मौत हो गई. जेपी यादव का इलाज पीएमसीएच में चल रहा है.

इस मामले में जेपी यादव के बयान पर कुचायकोट के जदयू विधायक अमरेंद्र कुमार पांडेय, उनके भतीजे जिला परिषद अध्यक्ष मुकेश पांडेय, भाई सतीश पांडेय व एक अज्ञात के खिलाफ हथुआ थाने में केस दर्ज किया गया. सोमवार को पुलिस ने विधायक के नयागांव तुलसिया स्थित आवास पर छापेमारी कर मुकेश पांडेय और उसके पिता सतीश पांडेय को गिरफ्तार कर लिया.

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