Take a fresh look at your lifestyle.

मोदी की जीत से परेशान पाकिस्‍तान, जानिए विदेशी मीडिया का नजरिया

0

New Delhi: लोकसभा चुनाव नतीजे 2019 के लिए मतगणना जारी है. मोदी को फिर से पीएम बनाने के लिए एनडीए बड़ी जीत की तरफ बढ़ रहा है. वोटों की गिनती के दौरान कई देशों में रात है. लेकिन, वहां का मीडिया लगातार लाइव अपडेट्स दे रहा है.

ब्रिटिश अखबार ‘द गार्जियन’ ने लिखा- मोदी की भाजपा ने फिर कमाल किया. वह ऐतिहासिक जीत की तरफ बढ़ रही है. वहीं, न्यूयॉर्क टाम्स ने मोदी के फोटो के साथ लिखा- बीजेपी के इस बड़े नेता को रोकना विपक्ष के लिए मुश्किल साबित हुआ. वे मजबूत छवि के कारण जीते.  इस दौरान चीनी मीडिया बहुत सक्रिय नहीं दिखा. पाकिस्तान के द डॉन ने लिखा- मोदी की यह जीत पाक विरोधी नीति पर मुहर है.

विपक्ष पर भारी मोदी- गार्डियन

द गार्डियन ने लिखा- एग्जिट पोल में जो नतीजे दिखाये जा रहे थे, वही सच हो रहे हैं. मोदी की भाजपा सत्ता में वापसी के लिए तैयार है. उनको रोकने की तमाम कोशिशें हुईं, लेकिन जनता ने इस कद्दावर नेता और उसकी पार्टी में भरोसा जारी रखा.

बीबीसी वर्ल्ड ने शीर्षक लगाया- मोदी की भाजपा एक बार फिर बंपर जीत की तरफ. बीबीसी ने इसके साथ ही मोदी की जीत के कुछ कारण भी बताये हैं.

सीएनएन ने मोदी के सबका साथ-सबका विकास नारे का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने खुद को देश का रक्षक बताया और जनता ने इस पर भरोसा जताया है.

सैकड़ों सीट पर बढ़त- न्यूयॉर्क टाइम्स

न्यूयॉर्क टाइम्स ने भारत में मतगणना की खबर को लाइव कवरेज दिया. इस अमेरिकी अखबार ने लिखा- मोदी की जीत के मायने ये हैं कि भारत की जनता फिलहाल उनके अलावा किसी को मौका नहीं देना चाहती. वे हिंदू राष्ट्रवाद के प्रतीक हैं, जिन्होंने दुनिया में देश की मजबूत छवि बनाई और टैक्स सिस्टम को बेहतर किया.

वॉशिंगटन पोस्ट ने लिखा- भारत की जनता ने बता दिया है कि वह लोकतंत्र और अर्थव्यवस्था को बढ़ते देखना चाहती है. ‘द टेलीग्राफ यूके’ ने लिखा- मोदी अब तक की सबसे विशालतम और भव्य जीत की तरफ. विपक्ष औंधे मुंह गिरा.

पाक मीडिया ने कहा- भारत से तनाव जारी रहेगा

पाकिस्तान के मीडिया ने भारत की मतगणना की खबरों को लाइव चलाया. ‘द डॉन’ ने लिखा, “मोदी 2-0 से आगे दिख रहे हैं. इसका मतलब ये हुआ कि पाकिस्तान के प्रति भाजपा की नीति नहीं बदलेगी और दोनों देशों में तनाव भी कम नहीं होगा. सवाल ये भी है कि क्या मोदी इमरान खान के शांति प्रस्ताव को तवज्जो देंगे?”

‘जियो टीवी’ ने अपनी वेबसाइट पर लिखा- कुछ राज्यों में हार के बाद मोदी दबाव में थे. लेकिन, प्रचार महंगाई और बेरोजगारी से पाकिस्तान पर शिफ्ट हो गया. भाजपा ने अपने आर्थिक संसाधनों के जरिए सोशल मीडिया पर कांग्रेस से 6 गुना ज्यादा प्रचार किया. मोदी की आक्रमक छवि भी कारगर साबित हुई.

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More