लालू यादव का गद्दा-तकिया और रजाई रिम्स से गायब, 10 पुलिस कर्मियों को अल्टीमेटम

by

Ranchi: बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के प्रमुख लालू यादव और उनकी सुरक्षा में लगे पुलिसकर्मियों को झारखंड की राजधानी रांची स्थित रिम्स की ओर दी गई रजाई, गद्दा और तकिये गायब हो गए. मामला सामने आने के बाद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने लालू यादव की सुरक्षा में तैनात 10 पुलिसकर्मियों से स्पष्टीकरण मांगा है.

दरअसल, चारा घोटाला के सजायाफ्ता लालू यादव जब रिम्स के केली बंगले में रहकर अपना इलाज करवा रहे थे, उस समय लालू की सुरक्षा में रांची पुलिस के 10 पुलिसकर्मी तैनात थे, तब रिम्स की ओर से उन्हें गद्दा, रजाई, तकिया और चादर दिए गए थे. बाद में लालू यादव को इलाज के लिए रिम्स से दिल्ली भेज दिया गया. लालू की सुरक्षा में तैनात जवान वापस जाते समय रिम्स से मिले गद्दा, रजाई और तकिया समेत अन्य सामानों को अपने साथ ले गए.

Read Also  आदिवासियों में होने वाले सिकल सेल आनुवांशिक बीमारी के उन्‍मूलन के लिए मुहिम शुरू

रिम्स ने एसएसपी से मांगी मदद 

रिम्स प्रबंधन ने जवानों से कई बार तकिया, गद्दे और चादर की मांग की, लेकिन उन्होंने नहीं लौटाए. इसके बाद रिम्स प्रशासन ने रांची के एसएसपी को तकिया और गद्दा वापस दिलाने के लिए पत्र भेजा है. एसएसपी सुरेंद्र कुमार झा को जब इसकी जानकारी मिली, तो उन्होंने जवानों को जवाब तलब किया है.

दस पुलिसकर्मियों को मिला अल्टीमेटम

रिम्स का पत्र मिलने के के बाद रांची के एसएसपी ने इसे गंभीरता से लेते हुए लालू प्रसाद यादव की सुरक्षा में लगे दो हवलदार और आठ आरक्षी पुलिस कर्मियों को यह आदेश दिया है कि वह जल्द से जल्द गद्दा और तकिया रिम्स को वापस करें. इसके लिए एसएसपी ने जवानों को 24 घंटे का मात्र अल्टीमेटम दिया है, अगर इस अल्टीमेटम के दौरान भी गद्दा और तकिया जमा नहीं होता है, तो पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई हो सकती है. 

Read Also  कोरोना फाउंडेशन के नाम पर हो रहा है ऑनलाइन ठगी

एसएसपी ने कहा कि अब तक जवानों ने रिम्स का सामान वापस नहीं किया है. सामान को वापस नहीं किए जाने के कारण रिम्स प्रबंधन पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है. यह गंभीर विषय है. इससे पुलिस की छवि धूमिल हो रही है. निर्देश दिया है कि 24 घंटे के भीतर सामान को जमा करें. यह भी बताएं कि अब तक उन्होंने सामान क्यों नहीं वापस किया. आदेश का पालन नहीं करने पर उनके विरुद्ध अनुशासनिक कार्रवाई की जाएगी.

Leave a Reply

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.